प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत गर्भवती महिलाओं की हुई प्रसव पूर्व जांच

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  • बगहा अनुमण्डलीय अस्पताल में 105 महिलाओं की एएनसी जाँच 
  • आयरन, कैल्सियम की गोली और अन्य दवाओं का हुआ वितरण 
बेतिया : जिले के स्वास्थ्य केंद्रों में बुधवार को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत गर्भवती महिलाओं की प्रसव पूर्व जांच महिला चिकित्सक, नर्स व स्वास्थ्य कर्मियों की देखरेख में की गई। नरकटियागंज अनुमण्डलीय अस्पताल में 105 महिलाओं की एएनसी जाँच की गई। अनुमण्डलीय अस्पताल बगहा के उपाधीक्षक डॉ अशोक कुमार तिवारी ने बताया कि 105 महिलाओं की जाँच हुई है। एएनसी जाँच के साथ हीमोग्लोबिन, शुगर, एचआईवी, बीपी, वजन आदि की भी जाँच की गई। आयरन, कैल्सियम की गोली व अन्य दवाओं का वितरण भी किया गया। इस अवसर पर महिला चिकित्सकों ने गर्भवती महिलाओं को एनीमिया से बचाव को लेकर लौह तत्व युक्त हरी पत्तेदार साग-सब्जी, फल, दूध, अंडा, मांस-मछली, चुकंदर, केला, मौसमी फल आदि खाने की सलाह दी।
गर्भवती महिलाओं को आयरन, कैल्सियम की गोली का सेवन करना जरूरी: 
सिविल सर्जन डॉ विजय कुमार ने बताया कि गर्भावस्था में पोषक तत्वों की आवश्यकता बढ़ जाती है। इस दौरान पर्याप्त मात्रा में कैल्सियम, आयरन लेने से समय से पूर्व नवजात की मृत्यु को रोका जा सकता है। कैल्सियम लेने से माता की हड्डियां मजबूत होती हैं। मां के दूध में कैल्सियम की मात्रा बढ़ने से नवजात की हड्डियों का विकास भी अच्छा होता है। गर्भवती महिलाओं को एनीमिया से बचने के लिए आयरन की 180 गोली प्रसव से पहले व 180 गोली प्रसव के बाद 6 महीने तक लेनी चाहिए। इससे खून की कमी का खतरा नहीं रहता एवं जच्चा-बच्चा दोनों सुरक्षित रहते हैं।
मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी हेतु एएनसी जांच जरूरी:
डॉ अशोक तिवारी ने बताया कि मातृ एवं शिशु मृत्यु दर में कमी करने के लिए एएनसी जांच को सबसे महत्वपूर्ण बताया गया है। जांच के जरिये गर्भावस्था की गंभीर जटिलताओं को समय रहते दूर करते हुए माता और शिशु के प्राणों की रक्षा की जा सकती है। जिले के सभी अस्पतालों के साथ-साथ सामुदायिक और प्राथमिक स्वास्थ्य संस्थानों में प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व योजना के अन्तर्गत प्रत्येक महीने एएनसी जांच की जाती है। इस दौरान जांच को आई गर्भवती महिलाओं की हाई रिस्क प्रेग्नेंसी (एचआरपी), एचबी प्रतिशत, एचआईवी, ब्लड प्रेशर, डायबिटीज आदि का परीक्षण किया जाता है। उन्होंने बताया कि प्रत्येक सरकारी अस्पताल में हर माह की 9 एवं 21 तारीख को आरोग्य दिवस का आयोजन कर एएनसी जांच के साथ ही महिलाओं को सुरक्षित प्रसव, परिवार नियोजन के विषय में स्वास्थ्य कर्मियों द्वारा जानकारी दी जाती है। इस मौके पर डॉ ए के तिवारी, डॉ विनय कुमार, डॉ संजय गुप्ता, डॉ सुनिष्ठा कुमारी, डॉ रोक़ोया यास्मीन, डॉ राजीव कुमार, डॉ अमृता मशु, मनी पाण्डेय, डॉ मुन्ना कुमार, शालिनी, एएनएम अनुपमा, जीएनएम किरण, शहजादी, सरला, राधिका, जीपी त्यागी आदि उपस्थित थे।
गर्भवती महिलाएं ऐसे रखें ख्याल:
– संतुलित आहार का सेवन करें।
– डाइट में विटामिन शामिल करें ।
– तेल, घी मसालेदार खाने से परहेज़ करें ।
– किसी प्रकार की तकलीफ हो तो डाक्टर से संपर्क करें ।
– हर दिन हल्का व्यायाम जरूर करें
– तनाव न लें।
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