मुजफ्फरपुर। जिले में जनसंख्या नियंत्रण और परिवार नियोजन सेवाओं को सुलभ बनाने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने विशेष पहल शुरू की है। ‘मिशन परिवार विकास अभियान’ के तहत सोमवार, 14 सितंबर को जिला स्तर पर परिवार नियोजन मेले का आयोजन किया गया। इसका विधिवत उद्घाटन सिविल सर्जन सह सदस्य सचिव डॉ. सुधीर कुमार एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक (डीपीएम) मो. सलीम जावेद ने संयुक्त रूप से किया।
छात्राओं ने जागरूकता मार्च निकालकर दिया छोटे परिवार का संदेश:
कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर एएनएम स्कूल की छात्राओं ने शहर में जागरूकता पैदल मार्च निकाला। हाथों में स्लोगन लिखी तख्तियां लेकर चल रहीं छात्राओं ने आम नागरिकों को परिवार नियोजन के फायदे बताए। स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि 07 सितंबर से शुरू हुआ यह सघन अभियान आगामी 26 सितंबर तक पूरे जिले में संचालित किया जाएगा।
जमीनी स्तर पर गर्भनिरोधक साधनों के वितरण का मिला लक्ष्य:
कार्यक्रम के तहत जागरूकता व साधनों की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए प्रति आशा कार्यकर्ता ‘ईएलए’ (एक्सपेक्टेड लेवल ऑफ अचीवमेंट) का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसके तहत प्रत्येक आशा को अपने क्षेत्र में 50 पीस कंडोम, 20 पत्ता माला-एन, 20 पत्ता छाया और 10 पत्ता ई-पिल्स का वितरण सुनिश्चित करना होगा।
प्रखंडों को बंध्याकरण, नसबंदी और अंतरा के मिले सख्त निर्देश:
अभियान की रफ्तार बढ़ाने के लिए प्रखंड स्तर पर भी दायित्व तय किए गए हैं। प्रत्येक प्रखंड को न्यूनतम 80 महिला बंध्याकरण, 5 पुरुष नसबंदी, 50 आईयूसीडी तथा 50 अंतरा सुई लगाने का कोटा दिया गया है, जिससे योग्य दंपतियों को समय पर सेवाएं मिल सकें।
इस मौके पर जिला लेखा प्रबंधक बिनोद कुमार, जिला डीएमईओ राजेश कुमार, प्रभारी जिला सामुदायिक उत्प्रेरक डॉ. प्रशांत कुमार, आशा प्रोग्राम के जिला डाटा सहायक राजकिरण कुमार और परिवार नियोजन परामर्शी अन्नू कुमारी उपस्थित थीं। इनके अलावा तकनीकी सहयोगी संस्था पीएसआई इंडिया के मो. मंजरूर हक व पूजा कुमारी तथा पिरामल फाउंडेशन के राजीव कुमार ने भी भाग लिया।
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