पटना में डिप्टी सीएम के आवास के बाहर धरने पर बैठे संविदा कर्मचारियों पर पुलिस ने लाठीचार्ज किया है। इसमें कई कर्मचारी घायल हो गए हैं। ये सभी सुबह 10 बजे से शास्त्रिनगर स्थित सर्वे ऑफिस और शाम 4 बजे के बाद सम्राट चौधरी के आवास के बाहर प्रदर्शन किया। पुलिस ने उन्हें समझाकर हटाने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने। इसके बाद पुलिस ने सख्ती दिखाते हुए सभी को हटाया।
बिहार में संविदा पर बहाल किए गए 550 विशेष सर्वेक्षण अमीन को राजस्व विभाग ने पद मुक्त कर दिया है। इसे लेकर सभी आज पटना में एकजुट हुए थे। अमीन अमानत संघ के बैनर तले संविदा कर्मचारी प्रदर्शन कर रहे थे।
अमीन राजीव कुमार सिंह ने बताया कि सरकार का सर्वेक्षण का काम पूरा नहीं हुआ है। इसके बावजूद भी हमें पद से हटाया जा रहा है। एक तरफ सर्वेक्षण के लिए अमीन की बहाली की बात कही जा रही है। दूसरी ओर जो पहले से हैं, उन्हीं को नौकरी से हटाया जा रहा है।
4 साल से बिहार के सभी जिलों में जो बंदोबस्त कार्यालय है, हम वहां सेवा देते आ रहे हैं। 13 जून को सभी जिला के डीएम को राजस्व विभाग ने पत्र जारी कर के कहा कि इन लोगों से अब सेवा नहीं लेनी है। अब इस परिस्थिति में हमारे पास क्या विकल्प है, सरकार बताए और राजस्व विभाग बताए।
त्रिभुवन कुमार ने बताया कि कई अमीन पर सर्वेक्षण के दौरान केस मुकदमा भी हुआ। फिर भी सभी अपने काम में लगे रहे। इलेक्शन ड्यूटी, विधि व्यवस्था से संबंधित भी ड्यूटी लगाई गई। तब भी सब ने काम किया। आज अचानक सेवा से हटाने का फैसला लिया गया है। इसका विरोध करते हैं। हम 550 अमीन अमानत अपना हक लेकर रहेंगे। चाहे इसके लिए कितना भी संघर्ष क्यों नहीं करना पड़े।
आपको बता दे कि साल 2019 में राजस्व विभाग की ओर से संविदा पर बहाली के लिए 5 पद के 6875 वैकेंसी निकाली गई थी। जिसमें अमीन, विशेष सर्वेक्षण कानूनगो, कलर्क, विशेष सर्वेक्षण अमीन, सहायक बंदोबस्त पदाधिकारी का पद शामिल था।
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