- 26दिसंबर को 81 वा जन्म दिन मनाया और 27 दिसंबर को जिलेवासियो को मायुश कर विदा ली।
अशोक वर्मा
मोतिहारी : जिले के जाने-माने होम्योपैथिक चिकित्सक मृदुल भाषी डॉ देवाशीष मुखर्जी लंबी बीमारी के बाद आज सुबह अंतिम सांस ली। कल ही उन्होंने अपना 81वां जन्मदिन मनाया था। डॉक्टर मुखर्जी देश के जाने-माने स्वतंत्रता सेनानी डॉक्टर लंबोदर मुखर्जी एवं श्रीमती उषा मुखर्जी के ज्येष्ठ पुत्र थे। उनके माता-पिता दोनों स्वतंत्रता संग्राम के महान योद्धा थे उन्होने संथाल परगना में बहुत बड़ा संगठन बनाकर संथाली लोगों के अंदर राष्ट्र प्रेम जागृत किया था।इनको तत्कालीन ब्रिटिश सरकार ने संथाल निकाला घोषित किया था उसके बाद डॉक्टर लंबोदर मुखर्जी मोतिहारी आकर के बस गए थे ।इनमे देश प्रेम कूट कूट कर भरा था। व्यवस्था के खिलाफ भी इनमे जोश था ।वही संस्कार उनके दोनों पुत्रों को मिला । डॉक्टर देवाशीष मुखर्जी जिले के विभिन्न सामाजिक कार्यों में बराबर रुचि रखते थे, व्यवहार कुशलता में इनकी कोई सानी नहीं थी ।अपने से छोटे बड़े सभी लोगों के साथ एक समान मित्रवत मिलना होता था। मां पिता से विरासत में मिले गुण , संस्कार एवं मूल्यों के आधार पर ये चिकित्सा सेवा दे रहे थे। इनकी सेवा में कहीं भी आधुनिक स्वरूप व्यवहार नही था बल्कि हमेशा उदारता पूर्वक ही सेवा करते थे। नगर के मीना बाजार चौक के पास अपने निर्माणाधीन नए मकान से कुछ दिनों के लिए हटकर बरियारपुर में किराए के मकान में रह रहे थे ।वही पर बीमारी से लड़ते हुए शहर वासियों को मायूस कर चल बसे। उनकी मृत्यु से जिले के समाजसेवियो,चिकित्सको एवं सांस्कृतिक क्षेत्र के लोगों में काफी दुख व्याप्त हुआ काफी लोगो ने उन्हें श्रद्धांजलि दी। श्रद्धांजलि देने वालों में सांसद एवं विधायक गणो के अलावा चंपारण सांस्कृतिक मोर्चा के डॉक्टर चंद्रलता झा, डॉक्टर अरुण कुमार, संजय पांडे, डॉक्टर स्वास्ति सिन्हा, पत्रकार एवं स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी चंद्रभूषण पाण्डेय, स्वतंत्रता सेनानी उत्तराधिकारी परिवार समिति के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष अशोक वर्मा, समिति के प्रदेश अध्यक्ष डॉअमरनाथ प्रसाद, अवकाश प्राप्त प्रचार्य शशि कला कुमारी,कार्यकारी अध्यक्ष राजकुमारी गुप्ता, जिला अध्यक्ष कौशल किशोर पाठक ,जिला महासचिव इंजीनियर रत्नेश कुमार, रगकर्मी प्रसाद रत्नेश्वर, अंजनी अशेष, प्रोफेसर खुशनंदन सिंह प्रोफेसर विजय शंकर पांडे ,संपादक अंसारूल हक, स्पोर्ट्स क्लब के सचिव प्रभाकर जयसवाल, पत्रकार इंतजारूल हक आदि है।
20